संतकबीरनगर, फरवरी 18 -- संतकबीरनगर, हिन्दुस्तान टीम। संतकबीरनगर जिले में रंगों का त्योहार पकवान के लिए जाना जाता है। इस त्योहार पर खोवा और पनीर की डिमांड बढ़ जाती हैं। खोवा से गोझिया बनाई जाती है। इस बीच शादी ब्याह का मौसम भी चल रह रहा है। ऐसे में खोवा और पनीर की डिमांड पहले से ही बढ़ी हुई है। पर्व आने पर इसकी मांग और भी बढ़ जाती है। खोवा और पनीर की भरपाई करने के लिए मिलावटखोर सक्रिय हो जाते हैं और बड़े पैमाने पर बाजार में मिलावटी खोवा उतार दिया जाता है। इस मिलावटी खोवा पर नजर रखने के लिए खाद्य एवं औषधि विभाग पूरी तरह से सक्रिय हो गया है। जिले में अभी तक सबसे अधिक खोवा हापुड और कानपुर की मंडी से मंगाया जाता था। सरकारी बसों के माध्यम से यह खोवा बाजार में उतार दिया जाता था। वहां पर व्यापारी खोवा के बंडल को बस पर रख देते थे और स्थानीय स्तर प...