लोहरदगा, फरवरी 27 -- लोहरदगा, संवाददाता। बाल विवाह उन्मूलन को लेकर लोहरदगा के सेन्हा प्रखंड मुख्यालय में हस्ताक्षर अभियान चलाकर जागरूकता रथ को प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न पंचायतों में भ्रमण करने के लिये रवाना किया गया। बीडीओ संग्राम मुर्मू और सीओ पंकज कुमार भगत ने प्रखंड और अंचलकर्मियों को बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता में भागीदारी की शपथ दिलायी गई। मौके पर बीडीओ ने कहा कि बाल विवाह बच्‍चों के अधिकारों का अतिक्रमण करता है। जिससे उनपर हिंसा, शोषण तथा यौन शोषण का खतरा बना रहता है। बाल विवाह लड़कियों और लड़कों दोनों पर असर डालता है, लेकिन इसका प्रभाव लड़कियों पर अधिक पड़ता है। संविधान के नियमानुसार लड़कों का विवाह उम्र कम से कम 21 वर्ष व लड़कियों के लिये 18 वर्ष निर्धारित किया गया है। कम उम्र में विवाह करना कानून अपराध है। माता- पिता के साथ विवाह ...