हरिद्वार, सितम्बर 8 -- आचार्य बालकृष्ण को फर्जी दस्तावेज मामले में देहरादून की सीबीआई अदालत से निर्दोष करार दिए जाने के बाद पतंजलि योगपीठ में खुशी का माहौल है। मंगलवार को मीडिया से बातचीत में योगगुरु स्वामी रामदेव ने दावा किया कि आचार्य बालकृष्ण को लंबे समय तक जेल में रखकर उनकी हत्या करने, उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और बाद में उन्हें भी जेल में डालकर पतंजलि को खत्म करने की साजिश रची गई थी। उन्होंने कहा कि अदालत के फैसले से यह साजिश विफल हो गई और अंततः सत्य की जीत हुई। स्वामी रामदेव ने कहा कि आचार्य बालकृष्ण को करीब 15 वर्षों तक मानसिक प्रताड़ना, अपमान और अपयश सहना पड़ा। यह भी पढ़ें- बाबा रामदेव के सहयोगी बालकृष्ण 15 साल पुराने केस में बरी, राष्ट्रपति की शिकायत पर शुरू हुआ था मुकदमा उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें 15 साल तक जेल में ...