गंगापार, अप्रैल 3 -- अचानक आकाश में गड़गड़ाहट, बादल और बूंदाबांदी ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। शुक्रवार दोपहर से ही आकाश में गड़गड़ाहट, बादल, बूंदाबांदी और तेज हवा ने किसानों की नींद उड़ा दी है। मांडा क्षेत्र के विभिन्न गांवों के किसानों का कहना है कि पिछले तीन वर्षों से जब गेहूं के पलेवा और सिंचाई के लिए किसानों को पानी की जरूरत रहती है। तब न तो नहरों में पानी आता है और न तो बरसात ही होती है, लेकिन जब खेतों में फसल पककर तैयार हो जाती है, तो नहरों में भी पानी आ जाता है और प्रकृति भी बरसात करके किसानों की परीक्षा लेती है। प्रकृति के इस कहर को किसान आंखों में आंसू भरकर देखने के अलावा कुछ कर भी नहीं पाता और देखते देखते उसके गाढ़े मेहनत से तैयार फसल का अधिकतर हिस्सा तबाह हो जाता है। फिलहाल अभी तक केवल बादल, बूंदाबांदी और तेज हवा ही है, जिस...