पाकुड़, अप्रैल 23 -- स्वाधीनता संग्राम के महानायक, अदम्य साहस के प्रतीक और 1857 की क्रांति के अमर सेनानी बाबू वीर कुंवर सिंह की जयंती गुरूवार को पाकुड़ जिले में धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा जिला इकाई एवं अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने स्थानीय प्रतिमा स्थल पर एकत्रित होकर संयुक्त रूप से माल्यार्पण किया। उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि बाबू वीर कुंवर सिंह का जीवन भारतीय शौर्य परंपरा का वह अध्याय है, जो हमें विपरीत परिस्थितियों में भी झुकना नहीं, बल्कि लड़ना सिखाता है। 80 वर्ष की उम्र में अपनी बाजू काटकर गंगा को अर्पित करने वाला उनका बलिदान आज भी राष्ट्रभक्ति का सर्वोच्च मानक है। यह भी पढ़ें- विजयोत्सव पर बाबू वीर कुवर सिंह को नमन कार्यक्रम के मुख्य वक्ता एवं विद्यार्थी परिषद ...
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