गोपालगंज, अक्टूबर 6 -- गोपालगंज। बाढ़ का पानी उतरने लगा तो खेतों में तबाही की तस्वीर साफ होने लगी। कहीं धान की फसल पानी में सड़ गई तो कहीं गन्ने के खेत बाढ़ की मार से बेहाल हैं। जिले के छह प्रखंडों में करीब 3.5 हजार हेक्टेयर फसल के नुकसान का प्रारंभिक अनुमान सामने आया है। इनमें गोपालगंज सदर, मांझा और बैकुंठपुर सबसे अधिक प्रभावित बताए जा रहे हैं। कृषि विभाग ने अब खेत-खेत पहुंचकर फसल क्षति का सर्वे शुरू कर दिया है। मंगलवार को सर्वे पूरा कर रिपोर्ट भेजे जाने की उम्मीद है। इसके बाद नुकसान का वास्तविक आंकड़ा सामने आएगा।

फसल का नुकसान बाढ़ की चपेट में आए दियारा इलाकों में कई दिनों तक खेत पानी में डूबे रहे। पानी उतरने के बाद फसलें गलने लगी हैं। किसानों के सामने एक साथ दोहरी चिंता खड़ी है-पहली, बर्बाद फसल की भरपाई कैसे होगी और दूसरी, अगली खेती क...