हल्द्वानी, मार्च 19 -- दो अलविदा जुमा पड़ने से इस बार की ईद होगी खास कई वर्षों के अंतराल के बाद आया है ऐसा संयोगहल्द्वानी, संवाददाता। रमजान-उल-मुबारक के मुकद्दस महीने के अंतिम दौर में इस बार एक ऐसा दिलचस्प संयोग बना है, जिसने मुस्लिम समुदाय के बीच खासा उत्साह पैदा कर दिया है। अमूमन रमजान के आखिरी शुक्रवार को 'अलविदा जुमा' कहा जाता है, लेकिन इस बार कैलेंडर और चांद की तारीखों के तालमेल से दो जुमा (शुक्रवार) अलविदा की श्रेणी में आ गए हैं।धार्मिक दृष्टि से रमजान का आखिरी जुमा, जिसे जुमात-उल-विदा कहा जाता है, बेहद अहम माना जाता है। इस दिन मस्जिदों में इबादत का विशेष महत्व होता है और बड़ी संख्या में लोग नमाज अदा करते हैं। दो जुमा का संयोग कहा जा रहा है। हालांकि इस्लामी नियमों के अनुसार यदि ईद का दिन जुमे को पड़ता है तो उस दिन जुमे की नमाज की जग...