वाराणसी, मई 5 -- वाराणसी, कार्यालय संवाददाता। आईएमएस बीएचयू के बालरोग विभाग में मंगलवार को विश्व अस्थमा दिवस पर स्लोगन राइटिंग स्पर्धा हुई। इसके जरिये बीमारी से सचेत रहने के लिए लोगों का आह्वान किया गया। फेफड़ा रोग विशेषज्ञ प्रो. सुनील राव ने कहा कि बच्चों को हंसते या रोते समय खांसी आना अस्थमा का लक्षण है। रात में और दौड़ने पर खांसी भी बीमारी का संकेत है। यह भी पढ़ें- अस्थमा को नियंत्रित करते हैं सही आहार और जीवनशैलीअस्थमा के लक्षण प्रो. राव ने कहा कि बिना बुखार 14 दिन या उससे अधिक समय तक बच्चे का रात-दिन खांसना ठीक नहीं है। माता-पिता को सचेत हो जाना चाहिए। उन्हें तत्काल डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। बालरोग विभागाध्यक्ष प्रो. अंकुर सिंह ने कहा कि समाज में अभी अस्थमा के बारे में लोगों की जानकारी कम है। भ्रांति यह भी है कि अस्थमा रोगियों को जी...