दरभंगा, जून 30 -- संजय लाला, दरभंगा। कुलपति डॉ. पांडेय ने कहा कि कड़ी मेहनत की बदौलत ऊंचाइयों को छूने से उन्हें कोई रोक नहीं सकता है। अभिभावकों को बच्चों पर अपने सपने थोपना नहीं चाहिए। डॉक्टर और इंजीनियर के अलावा भी कई क्षेत्र हैं जहां कड़ी मेहनत के बल पर लोग बुलंदियों को छू रहे हैं। संस्कृत को ही लीजिये। उन्होंने कहा कि मेहनत करने वालों ने संस्कृत के माध्यम से अपने मुकाम को हासिल कर लिया है। उन्होंने कहा कि आगे बढ़ने के लिए स्वयं में विश्वास सबसे जरूरी है। माता- पिता बच्चों के सबसे बड़े मार्गदर्शक होते हैं। वे बच्चों को हमेशा खुद से बड़ा होना देखना चाहते हैं। यह भी पढ़ें- Darbhanga News मेडल व प्रशस्ति पत्र पाकर खिले बच्चों के चेहरे उन्होंने छात्रों को अनुशासित रहने की नसीहत देते हुए कहा कि इसी की बदौलत समाज में अपनी अलग पहचान बनाई जा सकती है...