नई दिल्ली, मार्च 9 -- बच्चे के जन्म के बाद उसकी सेहत का ठीक से ध्यान रखना पेरेंट्स की सबसे बड़ी जिम्मेदारी होती है। इसी जिम्मेदारी में सबसे अहम भूमिका निभाती है वैक्सीनेशन यानी टीकाकरण। बच्चे का सही समय पर वैक्सीनेशन कराने से उन्हें कई खतरनाक बीमारियों से बचाया जा सकता है, साथ ही उनकी इम्युनिटी भी स्ट्रॉन्ग होती है। हालांकि पेरेंट्स के मन में अक्सर ये सवाल रहता है कि बच्चे को वैक्सीन सरकारी अस्पताल में लगवाना बेहतर है या प्राइवेट अस्पताल में। चलिए जानते हैं चाइल्ड स्पेशलिस्ट डॉ. निमिषा अरोड़ा की इस बारे में क्या राय है।सरकारी वैक्सीनेशन शेड्यूल क्या होता है डॉ. निमिषा अरोड़ा बताती हैं कि सरकारी अस्पतालों में नेशनल इम्यूनाइजेशन शेड्यूल को फॉलो किया जाता है। इस शेड्यूल के तहत बच्चे को लगभग 12 बीमारियों से सुरक्षा देने वाले टीके लगाए जाते है...
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