वाराणसी, दिसम्बर 9 -- वाराणसी। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मनीष कुमार ने रेटिना सर्जरी के दौरान सात वर्षीय बच्ची अनाया रिजवान की मौत के मामले में भेलूपुर थाने में केस दर्ज कर निष्पक्ष विवेचना करने का निर्देश दिया है। मंगलवार को यह जानकारी अधिवक्ता शशांक शेखर त्रिपाठी ने दी। कचहरी स्थित अपने चैम्बर में प्रेसवार्ता के दौरान अधिवक्ता ने बताया कि 14 अक्तूबर को बच्ची को सर्जरी के लिए महमूरगंज स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। आरोप है कि बेहोशी की दवा देने के बाद स्थिति अचानक गंभीर हो गई। बिना स्पष्ट कारण बताए बच्ची को इलाके के दूसरे अस्पताल में रेफर कर दिया गया। यहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अदालत ने एनेस्थीसिया की खुराक, ऑक्सीजन सप्लाई, पोस्टऑपरेटिव देखरेख और समय पर रेसुसिटेशन न देने को गंभीर चिकित्सकीय लापरवाही माना है। इस...