लखनऊ, अक्टूबर 10 -- परिवहन विभाग की फेसलेस व्यवस्था में मूल रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (आरसी) जारी करने का रास्ता नहीं निकल पा रहा है। ऑनलाइन आरसी प्रिंट करने पर साफ लिखा आ रहा है कि यह मूल प्रमाणपत्र नहीं है। मूल आरसी कहां से मिलेगी, इसका जवाब आरटीओ से लेकर मुख्यालय तक किसी के पास नहीं है। ऐसे में लोग वाहन चलाने से बच रहे। विभागीय सूत्रों के मुताबिक प्रदेश में करीब 80 हजार वाहन स्वामी इस समस्या से जूझ रहे हैं। लखीमपुर खीरी के दीपक वर्मा ने सेकेंड हैंड कार खरीदी और फेसलेस प्रक्रिया के तहत आरसी प्रिंट कर ली। प्रिंट पर मूल प्रमाणपत्र जारी करने वाले कार्यालय से लेने का निर्देश था। जिले के एआरटीओ से निराश होकर वह लखनऊ आरटीओ पहुंचे, लेकिन यहां भी समाधान नहीं मिला। उन्हें परिवहन मुख्यालय भेजा गया, जहां आईटी विभाग ने भी मदद नहीं की। ए-4 पेपर पर मिली...