गंगापार, जून 29 -- क्षेत्र के एक गांव में करीब छह साल पहले घटी उस भयावह घटना ने न केवल एक परिवार को उजाड़ दिया था, बल्कि पूरे समाज की अंतरात्मा को झकझोर कर रख दिया था। 12 जून 2020 की वह तारीख आज भी लोगों की रूह कंपा देती है, जब एक रिश्ते के चाचा ने महज तीन साल की मासूम बच्ची को टॉफी का लालच देकर अपनी हवस का शिकार बनाया और फिर बड़ी बेरहमी से उसकी हत्या कर दी। फैसले के बाद बच्ची के पिता की आंखें नम थीं। उन्होंने कहा आज जज साहब ने फांसी की सजा सुनाकर हमारी बच्ची की आत्मा को शांति दी है। यह भी पढ़ें- मरेगा 3 साल की बच्ची को मारने वाला दरिंदा भीमराव कांबले, अदालत ने दी रेपिस्ट को फांसी का सजा घटना के दिन बच्ची के पिता अपने छोटे भाई की शादी की रस्मों के सिलसिले में बाहर गए हुए थे। घर पर सब कुछ सामान्य था। बच्ची अपनी दादी की गोद में खेल रही थी। ...