नई दिल्ली, दिसम्बर 3 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। केंद्र ने फर्जी खबरों को लोकतंत्र के लिए खतरा करार देते हुए कहा कि सरकार फर्जी खबरों और एआई जनित डीपफेक वीडियो पर रोकथाम के लिए संस्थागत प्रणाली बनाने को नए नियम तैयार कर रही है। क्योंकि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और फर्जी खबरों से लोकतंत्र की सुरक्षा के बीच संतुलन जरूरी है। लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान बिहार से सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव द्वारा पूछे गए सवाल के जवाब में केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि फर्जी खबरों, सोशल मीडिया के दुरुपयोग और डीपफेक पर सख्त कार्रवाई तथा कड़े नियमों की जरूरत है और इस पर काम जारी है। फर्जी खबरें लोकतंत्र के लिए खतरा हैं और यह गंभीर विषय है। फर्जी खबरें फैलाने वाले लोग कानूनों का पालन नहीं करते और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूरी ...