अयोध्या, जनवरी 8 -- अयोध्या संवाददाता। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम सतीश कुमार मगन की अदालत ने फर्जीवाड़ा कर खुद को मालिक बता डीसीएम अपने नाम ट्रांसफर करवाने के मामले में आरोपी को तीन साल के कठोर कारावास की सजा से सुनाई है। साथ ही 20 हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किया है। मामले में रामू ने ओमप्रकाश शुक्ला के खिलाफ कैंट थाने में धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। विवेचना के बाद विवेचक ने आरोप पत्र दाखिल किया। अधिवक्ता अजय वर्मा ने बताया कि उन्नाव जिले के रहने वाले रामू त्रिवेदी ने 9 जून 2008 को नर्मदा प्राइवेट लिमिटेड देवा रोड चिनहट लखनऊ से दो लाख रुपए जमा कर एक डीसीएम खरीदा था। खरीदने के बाद गाड़ी को ओमप्रकाश शुक्ला निवासी गोडवा बरौकी थाना माल जिला लखनऊ को चलाने के लिए दिया था। तय हुआ था कि ओमप्रकाश गाड़ी चलाएगा और गाड...
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