कानपुर, मई 27 -- ग्राम पंचायतों का कार्यकाल समाप्त होते ही प्रधानों के डोंगल मंगलवार रात 12 बजे से स्वत: निष्क्रिय हो गए। इसके साथ ही ग्राम पंचायतों में भुगतान और वित्तीय स्वीकृतियों की प्रक्रिया भी थम गई। अब प्रशासकों की तैनाती के बाद सभी प्रधानों के डिजिटल हस्ताक्षर नए सिरे से बनाए जाएंगे, जिसमें करीब एक महीने का समय लग सकता है। जिले की 590 ग्राम पंचायतों के खातों में विकास कार्यों के 20 करोड़ रुपये पड़े हैं। पंचायतीराज विभाग के मुताबिक डिजिटल हस्ताक्षर बनाने की प्रक्रिया शासन स्तर से संचालित होती है। इसके लिए शासन द्वारा तकनीकी टीम भेजी जाती है और नामित संस्था के माध्यम से नए डोंगल जारी किए जाते हैं। इसके बाद ही पंचायतों में दोबारा ऑनलाइन भुगतान और फाइलों के डिजिटल अनुमोदन की प्रक्रिया शुरू हो सकेगी। फिलहाल जिले की पंचायतों के खातों मे...