रांची, फरवरी 21 -- रांची, संवाददाता। प्रतिशोध में अपहरण कर हत्या करने के बहुचर्चित मामले में दोषी जनक प्रसाद को अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई। उस पर 60 हजार का जुर्माना भी लगाया। अभियोजन के अनुसार, पंडरा निवासी अखौरी धनंजय कुमार जो उस समय दुमका में उत्पाद अधीक्षक थे, के पुत्र गौतम अखौरी का अपहरण कर हत्या कर दी गई थी। शव बाद में नेतरहाट से मिला था। जांच में पता चला कि 2010-11 में आरोपी ने लोहरदगा में शराब दुकान खोली थी। इसमें भारी नुकसान हुआ। आरोपी इसका जिम्मेदार धनंजय को मानता था। इसका बदला लेने के लिए 2012 में उसने गैलेक्सियां मॉल स्थित दुकान के माध्यम से गौतम से दोस्ती की और 4 मई 2014 को उसे घुमाने के बहाने नेतरहाट ले गया। वहां कोल्ड ड्रिंक में नशीली दवा मिलाकर बेहोश करने के बाद हत्या कर दी। साक्ष्य मिटाने के लिए शव को पत्थर से कूच दिया...