जमशेदपुर, सितम्बर 30 -- जमशेदपुर, संवाददाता। पितृपक्ष शुरू हो चुका है। पितरों के निमित्त श्राद्ध और तर्पण का सिलसिला 10 अक्तूबर, अमावस्या तक चलेगा। पूजा-पाठ और कर्मकांड के लिए लोग पुरोहितों से संपर्क कर रहे हैं। वहीं, पुरोहितों की पारंपरिक कार्यशैली भी तकनीक के रंग में ढलने लगी है। कभी तिथि, मुहूर्त, मंत्र और पूजा-विधि के लिए पोथी-पंचांग पर निर्भर रहने वाले पुरोहित अब स्मार्टफोन का भी सहारा ले रहे हैं। जमशेदपुर के कई युवा पुरोहितों की दिनचर्या में मोबाइल अब सिर्फ बातचीत का माध्यम नहीं, बल्कि कर्मकांड से जुड़ी जानकारी जुटाने का महत्वपूर्ण साधन बन गया है。 यह भी पढ़ें- पितृपक्ष में किस तिथि का श्राद्ध एक ही दिन, पढ़ें श्राद्ध की सही तिथिपितृपक्ष के दौरान तकनीक का प्रभाव पितृपक्ष के दौरान इसका असर और स्पष्ट दिखाई दे रहा है। पुरोहित मोबाइल एप ...