जमशेदपुर, जून 30 -- पोटका में सेरेब्रल मलेरिया से चार मौतों के बाद सोमवार को स्थिति को नियंत्रित करने के लिए दस दल का गठन किया गया। प्रत्येक दल में एक सीएचओ, एक एएनएम, सहिया, एमपीडब्ल्यू (मल्टीपर्पज वर्कर) को दिया गया है। ये लोग प्रभावित इलाके में जाकर जांच, घर-घर में और बाहर छिड़काव के साथ इलाज कराएंगे। रोज छह सौ से अधिक जांच कराई जाएगी। प्रभावित इलाकों के बाद पूरे पोटका में यह काम किया जाएगा। 12 एमपीडब्ल्यू को पोटका में प्रतिनियुक्त किया गया है। वहां के कस्तूरबा गांधी विद्यालय सहित अन्य आवासीय विद्यालय के लिए एक सीएचओ को जिम्मेवारी दी गई है, जो वहां रोज जाकर स्थिति देखेंगे। आवश्यकता पर जांच, छिड़काव और इलाज कराएंगे। सभी सीआरपीएफ कैंप में भी जाकर जांच की जाएगी। सिविल सर्जन टाटा स्टील फाउंडेशन को भी सीएसआर फंड से प्रभावित क्षेत्रों में मच...