दिल्ली, अप्रैल 25 -- Saleem Wastik: गाजियाबाद में 27 फरवरी की गुनगुनी धूप तीखी होने में अभी कुछ वक्त बाकी था। वक्त बीतता इससे पहले ही मन में नफरत लिए सिर पर खून सवार दो हैवान भाई एक ऑफिस में घुसे और एक शख्स की जान लेने पर उतारू हो गए। दोनों भाइयों ने शख्स पर जी भर हमला किया। इस हमले में शख्स इतनी बुरी तरह घायल हुआ कि अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग कई दिनों तक लड़ा। हमले के थोड़ी ही देर में यह वीभत्स घटना पूरे देश में आग की तरह फैल गई। घटना के बाद किसी को नहीं पता था कि जिस सलीम वास्तिक पर दो भाइयों ने हमला किया, उसका हाथ भी एक 13 साल के मासूम बच्चे के खून से सना हुआ है। आइए जानते हैं कौन है कानून को 31 सालों तक धता बताकर खुले में घूमने वाला खूनी सलीम वास्तिक...मार्शल आर्ट ट्रेनर बन गया हत्यारा साल 1995 को दिल्ली की जमा देने वाली ठंड की ...