मुंगेर, अप्रैल 11 -- ​मुंगेर, निज संवाददाता। सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता लाने के लिए सरकार भले ही तकनीक का सहारा ले रही हो, लेकिन जमीनी स्तर पर लापरवाही की तस्वीरें डराने वाली हैं। मुंगेर जिले में पेंशन धारकों के ई-केवाईसी और आधार मैपिंग को लेकर जो ताजा आंकड़े सामने आए हैं, वे चौंकाने वाले हैं। जिले में अब भी 2,079 लाभार्थी ऐसे हैं, जिन्होंने अपना आधार मैपिंग नहीं कराया है। इस बड़ी लापरवाही के कारण आने वाले दिनों में इन परिवारों के सामने पेंशन का संकट खड़ा होना तय माना जा रहा है। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, जिले के कुल 1,54,202 लाभार्थियों में से मात्र 1,08,953 लोगों ने ही बायोमेट्रिक प्रक्रिया पूरी की है। सबसे डरावना आंकड़ा आधार मैपिंग का है। मुंगेर सदर इस सूची में सबसे फिसड्डी साबित हुआ है, जहां अकेले 680 लाभार्थियों का आधार मैप नहीं हो पाय...