नई दिल्ली, दिसम्बर 18 -- हाल ही में जारी आठवें केंद्रीय वेतन आयोग से संबंधित अधिसूचना ने अलीगढ़ सहित प्रदेशभर के पेंशनरों को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या उनकी दशकों की सेवा का मूल्य अब धीरे-धीरे भुलाया जा रहा है। पेंशन, जो बुढ़ापे की सुरक्षा और आत्मसम्मान का आधार है, आज नीति और प्रक्रियाओं के बीच उलझती दिखाई दे रही है। केंद्र सरकार के वित्त मंत्रालय द्वारा तीन नवंबर 2025 को जारी अधिसूचना के अनुसार आठवें केंद्रीय वेतन आयोग का गठन किया गया है। इस अधिसूचना में आयोग के कार्यक्षेत्र और संदर्भ की शर्तें स्पष्ट की गई हैं, लेकिन इन्हीं शर्तों में पेंशनरों से जुड़ा सबसे संवेदनशील विषय लगभग उपेक्षित नजर आ रहा है। विशेष रूप से एक जनवरी 2026 से पहले सेवानिवृत्त हो चुके कर्मचारियों की पेंशन के पुनरीक्षण को आयोग की परिधि से बाहर रखे जाने की बात ...
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