उन्नाव, अप्रैल 4 -- उन्नाव। त्तर प्रदेश पुलिस में आरक्षी पद पर चयनित एक अभ्यर्थी को लंबित आपराधिक मामले के आधार पर चरित्र प्रमाण पत्र जारी न किए जाने के फैसले को उच्च न्यायालय ने अवैध करार देते हुए उसे नियुक्ति देने के निर्देश दिए हैं। मामला माखी थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी उमेश से जुड़ा है, जिनका चयन उप्र पुलिस में आरक्षी पद पर हुआ था। भर्ती प्रक्रिया के तहत उन्होंने चरित्र प्रमाण पत्र के लिए आवेदन किया, लेकिन उनके और उनके पिता के खिलाफ दर्ज एक आपराधिक मुकदमे के चलते जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक द्वारा उनका आवेदन निरस्त कर दिया गया। बताया गया कि गांव की एक महिला ने उमेश और उनके पिता के खिलाफ दुष्कर्म समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस जांच के दौरान उमेश का नाम विवेचना से हटा दिया गया था और उनके पिता के खिलाफ आरोप पत्र न्या...