आरा, सितम्बर 20 -- कोईलवर। खनन विभाग के अनुसार संबंधित धर्मकांटा संचालकों के खिलाफ पूर्व में भी चार मामले दर्ज हो चुके हैं। आरोप है कि पूर्व मामलों में लगाया गया शमन शुल्क जमा किए बिना ही यह अवैध धंधा जारी रखा गया। पुलिस-प्रशासन की छापेमारी में 48346 घनफुट बालू के अवैध संग्रहण पर कार्रवाई हुई है। प्रशासन अब लाइसेंस निरस्तीकरण और धर्मकांटा सील करने की कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।

जांच और कार्रवाई खनन विभाग के अनुसार जांच के क्रम में पाया गया कि सभी धर्मकांटा संचालकों की ओर से गिरोह बनाकर संगठित एवं अवैध रूप से सोन नदी से बालू लाकर भंडारण किया जाता है और ट्रैक्टरों के माध्यम से धंधा किया जाता है। इसके लिए इन सभी की ओर से अवैध खनन में संलिप्त लोगों से सम्पर्क स्थापित किए गए हैं। बालू के अवैध खनन के कारण बिहार सरकार को राजस्व की भारी क्षति ...