नई दिल्ली, जुलाई 6 -- लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला ने कहा है कि दिल्ली हाई कोर्ट के पूर्व जज यशवंत वर्मा के खिलाफ भ्रष्टाचारा के आरपों की जांच करने वाली तीन सदस्यीय समिति की रिपोर्ट मॉनसून सत्र के पहले ही दिन यानी 20 जुलाई को लोकसभा में पेश की जाएगी। वहीं यशवंत वर्मा अप्रैल महीने में ही इस्तीफा दे चुके हैं। उन्होंने अपने सभी जिम्मेदारियां और सुविधाएं पहले ही छोड़ दी हैं। उनकी पेंशन भी भी रिलीज नहीं की गई है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या इस्तीफा देने के बाद भी उनके खिलाफ महाभियोग चलाया जा सकता है? बता दें कि सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों ने ही जस्टिस वर्मा को हटाने के लिए प्रस्ताव पर साइन किए थे। हालांकि इस्तीफे केबाद भी इलाहाबाद हाई कोर्ट के पोर्टल में कार्यरत जजों की सूची में उनका नाम बना हुआ है। माना जाता है कि महाभियोग चलाकर उनका नाम लिस्ट से ह...