जम्मू, अगस्त 14 -- जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में बादल फटने की घटना से बड़ी तबाही की आशंका है। अब तक 12 लोगों के मारे जाने की जानकारी मिल चुकी है। इस बीच डर है कि यह आंकड़ा और बढ़ सकता है। इसकी वजह यह है कि जिस चिसोटी गांव में यह घटना हुई है, वह मचैल माता की तीर्थयात्रा के रूट पर पड़ता है। यहां बड़ी संख्या में यात्री अपने बेस कैंप बनाते हैं और टेंट लगते हैं। अब भी यहां सैकड़ों बाहरी लोगों के मौजूद होने की खबर है। इसके अलावा गांव की अच्छी खासी आबादी है। कहा जा रहा है कि करीब आधा गांव बह गया है। ऐसे में अनुमान लगाना भी मुश्किल है कि यह तबाही कितनी बड़ी होगी। इस बारे में में पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला ने कहा कि जहां यह हादसा हुआ है, वह बड़ी आबादी का गांव है। उन्होंने कहा कि मैंने सुना है कि आधा गांव बह गया है। इसका अर्थ है कि बड़े...
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