कौशाम्बी, मई 11 -- योगी कैबिनेट 2.0 का दूसरा विस्तार होने के साथ ही दोआबा की सियासत में एक और अहम अध्याय जुड़ गया। सपा की बागी विधायक पूजा पाल को अंतिम समय कैबिनेट का हिस्सा नहीं बनाया गया। जबकि, मंत्री बनाए जाने की पूरी तैयारी कर ली गई थी। इसे लेकर उनके समर्थकों में मायूसी है। वहीं, भगवा ब्रिगेड गदगद है। सभी की निगाहें अब वर्ष 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव के टिकट पर गड़ गई हैं। भाजपाई दावेदारों ने तो शीर्ष नेतृत्व की परिक्रमा भी आरंभ कर दी है। कौशाम्बी की चायल विधानसभा सीट से पूजा पाल वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में सपा के टिकट पर विजई हुई थीं। यह भी पढ़ें- योगी मंत्रिमंडल विस्तार; मिशन 2027 के लिए दलितों को साथ लेकर पिछड़ों के पीछे चली भाजपा उस चुनाव में सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने तमाम खांटी पार्टीजनों को किनारे करते हुए उन पर भरोसा...