वाराणसी, मई 24 -- वाराणसी, मुख्य संवाददाता। श्रीमद्भागवत महापुराण है। इसकी कथा सुनने से मानव को भक्ति, ज्ञान, वैराग्य और तपस्या का फल प्राप्त होता है। पुरुषोत्तम माह में इस कथा के श्रवण का फल अन्य दान-पुण्य के समान कई गुना बढ़ जाता है। यह भी पढ़ें- भागवत कथा श्रवण से मानव जीवन का होता है कल्याण : संगीताकथा के प्रवचन ये बातें पातालपुरी पीठाधीश्वर जगद्गुरु बालक देवाचार्य ने कहीं। वह श्रीकृष्ण उत्सव सेवा समिति की ओर से रामकटोरा स्थित चिंतामणि बाग में रविवार से आरंभ हुई कथा में प्रवचन कर रहे थे। उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति ने पिछले 33 महीनों में कोई दान-पुण्य न किया हो तो उसे पुरुषोत्तम माह में अवश्य ऐसा करना चाहिए। भगवान के प्रिय महीने में किए गए दान-पुण्य का फल उसे कई गुना अधिक प्राप्त होगा। श्रीमद्भागवत महापुराण कथा का आयोजन किसी महाय...