नई दिल्ली, मई 18 -- सुप्रीम कोर्ट ने आज (सोमवार, 18 मई को) को भाजपा नेता और वकील अश्विनी उपाध्याय की उस जनहित याचिका (PIL) पर सुनवाई करने से मना कर दिया, जिसमें देश भर में सरकारी नियंत्रण वाले मंदिरों में पुजारियों, सेवादारों और मंदिर कर्मचारियों के वेतन और सेवा शर्तों की समीक्षा करने के लिए एक ज्यूडिशियल कमीशन या एक्सपर्ट कमेटी बनाने की मांग की गई थी। जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच ने इसके साथ ही अश्विनी उपाध्याय को एक नसीहत भी दी और कहा कि वे मंदिरों के पजारियों के चक्कर में ना पड़ें। सुनवाई के दौरान, पीठ ने PIL पर सुनवाई की अपनी अनिच्छा साफ करते हुए कहा, "मंदिरों के पुजारियों के चक्कर में मत पड़ि्ए। आपको पता है पुजारी कितना पैसा कमाते हैं? हम इस पर सुनवाई नहीं कर रहे हैं।" इसके बाद उपाध्याय ने इलाहाबाद हाई कोर्ट की उस ...