बाराबंकी, फरवरी 11 -- रामनगर। महादेवा धाम में कांवड़ चढ़ाने की परंपरा केवल आस्था ही नहीं बल्कि कई परिवारों की पीढ़ियों से चली आ रही धार्मिक विरासत बन चुकी है। सुदूर जिलों से आने वाले अनेक परिवार हर वर्ष अपने पूर्वजों की परंपरा को निभाते हुए कांवड़ लेकर महादेवा पहुंचते हैं और भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करते हैं। पृथ्वी पाल ने बताया कि उनके पिता कांवड़ लेकर आते थे उनके न रहने पर वे कांवड़ ला रहे हैं। घनश्याम कानपुर भी पिता के न रहने पर कांवड़ लाते हैं। वे बताते हैं कि उनके दादा-परदादा भी कांवड़ लेकर महादेवा आते थे और आज भी परिवार से वे ला रहे हैं। कांवड़ लाते समय परिवारों में खास उत्साह रहता है और कई जगह पूरे परिवार या गांव की टोली एक साथ यात्रा पर निकलती है। महादेवा पहुंचकर श्रद्धालु जलाभिषेक कर पूजा-अर्चना करते हैं और भोलेनाथ से सुख-समृद्धि की कामन...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.