नई दिल्ली, सितम्बर 27 -- यूपी के लखनऊ के रहने वाले आशीष कुमार सिंह राजनीति विज्ञान में पीएचडी करना चाहते थे लेकिन पैसों की तंगी के कारण वे अपने सपने को पूरा नहीं कर सकते थे। ट्यूशन फीस, किताबें, रहने खाने का खर्च, इंटरनेट और रिसर्च का मोटा खर्च उनके गरीब परिवार के लिए वहन करना मुश्किल था। लेकिन मुश्किल वक्‍त में केंद्र सरकार की एनएफएससी फेलोशिप ने उन्हें अधिक वित्तीय स्थिरता के साथ अपने शोध को जारी रखने और अपने शैक्षणिक लक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित करने में मदद की है। 29 वर्षीय आशीष कुमार सिंह को अप्रैल 2024 से अनुसूचित जाति के छात्रों के लिए राष्ट्रीय फैलोशिप (एनएफएससी) के तहत सहायता मिल रही है। फेलोशिप प्राप्त करने से पहले वह शैक्षिक और अन्‍य खर्चों को पूरा करने के लिए अपने परिवार पर निर्भर थे। सीमित संसाधनों के चलते रिसर्च का सामान नहीं ...