रामपुर, अगस्त 27 -- पूरे सिस्टम की आंखों में धूल झोंककर दुश्मन देश पाकिस्तान का नागरिक रामपुर आया, अपनी पैतृक जमीन बेची और लौट गया। मामला तब खुला जब जमीन के साझेदारों में मनमुटाव हुआ और रीसेल के लिए डाक्यूमेंट चेन तैयार की जाने लगी। अब इस प्रकरण की शिकायत गृह मंत्रालय तक पहुंच गई है। माना जा रहा है कि जांच में आरोप सही पाए गए तो संबंधित रजिस्ट्री शून्य घोषित की जा सकती है। गृह मंत्रालय में हुई शिकायत और उसके साथ लगाए गए दस्तावेजों के अनुसार, शहर कोतवाली क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति वर्ष 1992-93 में पाकिस्तान चला गया था और वहां की नागरिकता ले ली थी। नियमों के अनुसार उसकी पैतृक जमीन शत्रु संपत्ति घोषित होनी चाहिए थी, लेकिन प्रशासन तक इसकी भनक नहीं पहुंची। जनवरी 2014 में वह पाकिस्तानी नागरिक 90 दिन के टूरिस्ट वीजा पर रामपुर आया और 29 जनवरी को क...