बगहा, मार्च 20 -- वाल्मीकीनगर, एक प्रतिनिधि। भारत-नेपाल सीमा पर वाल्मीकि व्याघ्र परियोजना के घने वन क्षेत्र में प्राचीन काल से स्थापित आस्था के महा केंद्र नरदेवी मंदिर में नवरात्र के अवसर पर भक्त श्रद्धालुओं की काफी भीड़ उमड़ पड़ी है। शारदीय और चैत नवरात्र में सैकड़ों भक्तों की भारी भीड़ यहां प्रतिदिन उमड़ती है। इसके बावजूद सालों भर माता के दर्शन के लिए दूर दराज क्षेत्रों , पड़ोसी राज्य उत्तर- प्रदेश और नेपाल से भक्तों का तांता लगा रहता है। भक्तों का मानना है,कि माता के दरबार में पहुंचने मात्र से ही उनकी मन्नते पूरी हो जाती हैं। और उनके दुखों का निवारण हो जाता है। भक्तों की माने तो पूर्व समय में मंदिर की परिक्रमा माता की सवारी बाघ के द्वारा प्रतिदिन सुबह शाम की जाती थी। भक्त शाम के बाद मंदिर में भय वश जाने से गुरेज किया करते थे।नर बलि के कारण पड़...
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