नई दिल्ली, अप्रैल 15 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। नौसेना प्रमुख एडमिरल डीके त्रिपाठी ने बुधवार को कमांडर सम्मेलन को संबोधित करते हुए पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण बढ़ती समुद्री चुनौतियों और वैश्विक सुरक्षा की परस्पर जुड़ी प्रकृति पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि इस संकट के बीच भारत की ऊर्जा आपूर्ति को सुरक्षित रखने में नौसेना की भूमिका और अधिक महत्वपूर्ण हो गई है। नौसेना भवन में आरंभ हुए कमांडर सम्मेलन के पहले दिन बल के शीर्ष कमांडरों को संबोधित करते हुए एडमिरल डीके त्रिपाठी ने बताया कि समुद्री यातायात में बाधाएं इस बात का संकेत हैं कि सुरक्षा लगातार और कठोर बनी रहती है। यह भी पढ़ें- व्यापारिक पोतों पर हमले पूरी तरह से अस्वीकार्य : जयशंकर किसी क्षेत्रीय संघर्ष के प्रभाव सीमित नहीं रहते। इस संदर्भ में नौसेना की सतर्कता और परिचालन क्...