नई दिल्ली, अगस्त 11 -- हेमलता कौशिक, नई दिल्ली दिल्ली हाईकोर्ट ने अपने एक अहम फैसले में यह स्पष्ट किया है कि यदि कोई अवैध निर्माण किसी पड़ोसी के जीवन या सुख-सुविधा में सीधी बाधा उत्पन्न नहीं कर रहा है, तो उसे शिकायत करने का कोई अधिकार नहीं है। हाईकोर्ट ने कहा कि जब तक किसी व्यक्ति का निजी हित प्रभावित न हो, तब तक वह बिना किसी ठोस आधार के निर्माण कार्य के खिलाफ याचिका दायर नहीं कर सकता। जस्टिस नीना बंसल कृष्णा की बेंच ने दिल्ली के पहाड़गंज इलाके में बन रही एक बहुमंजिला इमारत के खिलाफ सामाजिक कार्यकर्ता की ओर से डाली गई याचिका को खारिज करते हुए यह टिप्पणी की। हाईकोर्ट ने अपने फैसले में यह साफ कहा कि याचिकाकर्ता न तो उस इमारत के पड़ोस में रहता है और न ही इसके निर्माण से उसकी संपत्ति को किसी तरह का कोई नुकसान पहुंच रहा है। ऐसे मामलों में बिना...