गोंडा, मार्च 5 -- गोण्डा, संवाददाता। माहे रमजान का पंद्रहवां और दूसरे अशरे मगफिरत का पांचवां रोजा भी रोजेदारों ने इबादत में गुजारा। सुबह सहरी के बाद से शुरू हुई इबादत का सिलसिला पूरे दिन चलता रहा। रोजेदार इस अशरे में पाबंदी के साथ इबाबत कर रहे है। रोजेदार परवरदिगार से गुनाहों की माफी मांग रहे है। रमजान की फजीलत पर रोशनी डालते हुए मौलाना इलियास ने बताया रमजान का मुबारक महीना तमाम महीनों में अफजल होता है। सेहरी और इफ्तार का वक्त एक ऐसा वक्त है जब रमजान के महीने में इन दोनों वक्त मांगी गई दुआ अल्लाह ताला के द्वारा कबूल की जाती है। इसलिए हर मुसलमान को इन दो वक्तों में अल्लाह से ज्यादा से ज्यादा दुआ मांगनी चाहिए और बाकी वक्तों में दिल से खूब इबादत करनी चाहिए। गुरुवार दोपहर के बाद बाजार से इफ्तारी का सामान लाया गया। शाम को दुआ के बाद इफ्तारी की...
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