रिषिकेष, फरवरी 6 -- संत ओपी निरंकारी ने कहा कि परमात्मा के सानिध्य में जीवन जीना ही सच्ची भक्ति है। मानव जीवन अनमोल है इसका मूल उद्देश्य ईश्वर को जानकार भक्ति करना है। शुक्रवार को गढ़ी श्यामपुर में आयोजित संत निरंकारी मिशन द्वारा संत समागम का आयोजन किया गया। चंडीगढ़ से पहुंचे जोनल इंचार्ज ओपी निरंकारी ने कहा कि संत समागम हमें भक्तों के अनमोल वचन सुनने और उन्हें जीवन में अपनाने का अनमोल अवसर देता है। संत सत्य और सत्संग का मार्ग चुनते हैं। सत्संग से आरंभ हुआ जीवन हर पल निरंकार के एहसास को और अधिक दृढ़ करता चला जाता है। संत आत्ममंथन द्वारा सकारात्मक परिवर्तन लाते हैं और निरंकार को सर्वोपरि मानते हुए सेवा, सुमिरन और सत्संग को जीवन की प्राथमिकता बनाते हैं। जब जीवन स्वयं संदेश बन जाए और कर्म शब्दों से अधिक बोलें, तभी सच्ची साधना का स्वरूप प्रकट...