रुडकी, मई 16 -- लक्सर, संवाददाता। कस्बे और ग्रामीण क्षेत्र में महिलाओं ने वट सावित्री व्रत की पूजा की। महिलाओं ने पति की लंबी आयु के लिए दिनभर उपवास रखा। वट सावित्री व्रत अपने पति की मंगलकामना एवं अखंड सौभाग्य प्राप्ति के लिए किया जाता है। ज्योतिषाचार्य पंडित संदीप भारद्वाज शास्त्री व पंडित अरविंद शर्मा ने बताया कि सत्यवान और सावित्री की कथा का इस पर्व से गहरा संबंध है। क्योंकि सावित्री ने वट वृक्ष का पूजन और व्रत करके ही अपने सतीत्व और तप के बल से अपने मृत पति सत्यवान को धर्मराज से जीतकर पुन: जीवित किया था। उसी समय से इस व्रत का नाम वट सावित्री पड़ा। यह भी पढ़ें- किशनगंज: अखंड सौभाग्य और सुख-समृद्धि की कामना के साथ श्रद्धापूर्वक मनाया गया वट सावित्री व्रत यह भी पढ़ें- अखंड सौभाग्य के लिए महिलाओं ने रखा वट सावित्री व्रत यह भी पढ़ें- पति की...