प्रमुख संवादादाता, अक्टूबर 8 -- फिजियोलॉजी या मेडिसिन के लिए 2026 का नोबेल पुरस्कार पाने वाले वैज्ञानिक डॉ. पीटर हेगमैन से जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) का एक खास रिश्ता जुड़ा है। जेएनयू के स्कूल ऑफ बायोटेक्नोलॉजी के प्रोफेसर सुनील कटेरिया कभी डॉ. हेगमैन के छात्र रहे हैं। यह कनेक्शन भारतीय वैज्ञानिक समुदाय के लिए खुशी और उम्मीद दोनों लेकर आया है। जानकारी के मुताबिक पीएचडी के दौरान प्रो. कटेरिया ने शैवाल में मौजूद डीएनए के दो ऐसे अनुक्रमों की पहचान की जिन्होंने बाद में चैनलरोडॉप्सिन नामक प्रोटीन की खोज की नींव रखी। यही प्रोटीन आगे चलकर ऑप्टोजेनेटिक्स तकनीक का आधार बना। इस विषय से जुड़ी महत्वपूर्ण शोध 2002 और 2003 में प्रकाशित हुई थी और दोनों शोध पत्रों में प्रो. कटेरिया का नाम लेखक के रूप में शामिल था। प्रो. कटेरिया के अनुसार, उन्ह...