कानपुर, अप्रैल 22 -- कानपुर। गजेंद्र सिंह नेगी के भाई शिवचरन नेगी की अग्रिम जमानत अर्जी अपर जिला जज कोर्ट संख्या 22 ने खारिज कर दी। एडीजीसी ओमेंद्र कुमार दीक्षित के मुताबिक रावतपुर थाने में योगेश कुमार सिंह ने मुकदमा दर्ज कराया था। बतौर आरोप 29 मई 2018 को उन्होंने केशवपुरम नेगी इनक्लेव में कार्यालय के लिए पावर ऑफ अटानीं कराई थी। जिसके बाद उन्होंने सामान रखकर कार्यालय शुरू भी कर दिया। इसी बीच करीब डेढ़ माह बाद 18 जुलाई को उन्हें बाहर जाना पड़ गया। इसका फायदा उठाकर गजेंद्र सिंह नेगी उसके भाई शिवचरन और सुमित नेगी ने कब्जा कर लिया। इस मामले में उन्होंने रावतपुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। इसी मामले में शिवचरन सिंह नेगी की ओर से अग्रिम जमानत अर्जी की मांग की गई थी। एडीजीसी ने बताया कि गुण दोष पर बिना कोई टिप्पणी किए अपराध की गंभीरता को देखत...
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