पटना, अगस्त 22 -- नीट यूजी पुनर्परीक्षा 2026 धांधली कांड के मुख्य अभियुक्त और पावापुरी मेडिकल कॉलेज (नालंदा) के छात्र डॉ. रविशंकर उर्फ सम्राट ने धांधली में शामिल दो दर्जन से अधिक मूल अभ्यर्थी, मेडिकल छात्र और बायोमीट्रिक कर्मियों की पहचान की है। इनमें करीब एक दर्जन मेडिकल छात्र हैं, जिनको मूल अभ्यर्थियों की जगह स्कॉलर बना कर विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर बिठाया गया था। यह छात्र देश के विभिन्न राज्यों के मेडिकल कॉलेजों से बुलाए गए थे। सत्यापन के आधार पर ईओयू की टीम अब आरोपितों को गिरफ्तार करने का अभियान चलाएगी। आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) की टीम ने रिमांड पर लिए गये डॉ. रविशंकर और उसके भाई अश्विनी कुमार से शनिवार को लंबी पूछताछ की। इस पूछताछ के दौरान ईओयू टीम ने अभियुक्तों को मूल परीक्षार्थियों, स्कॉलर बने मेडिकल छात्रों और उनकी मदद करने वाले ब...