नई दिल्ली, दिसम्बर 18 -- भारतीय पूंजी बाजार नियामक सेबी (SEBI) ने म्यूचुअल फंड कंपनियों द्वारा निवेशकों से लिए जाने वाले वार्षिक शुल्क (एक्सपेंस रेशियो) को कम कर दिया है। सेबी का यह कदम फंड हाउसों द्वारा लगाए जाने वाले खर्चों की जटिलता को दूर करने, अधिक स्पष्टता लाने और निवेशकों के हितों को मजबूत करने के उद्देश्य से है। SEBI के ताजा ऐलान के बाद HDFC AMC, Nippon Life India AMC और Nuvama Wealth Management के शेयर गुरुवार, 18 दिसंबर को 6% तक चढ़े।नए नियम क्या हैं? सेबी ने कैश मार्केट में म्यूचुअल फंड्स द्वारा ली जाने वाली ब्रोकरेज की सीमा को मौजूदा 12 बेसिस प्वाइंट (0.12%) से घटाकर 6 बेसिस प्वाइंट (0.06%) कर दी है। डेरिवेटिव्स सेगमेंट के लिए यह सीमा मौजूदा 5 बेसिस प्वाइंट (0.05%) से घटाकर 2 बेसिस प्वाइंट (0.02%) कर दी गई है। नियामक ने एक्जिट...