दुमका, जून 7 -- दुमका, प्रतिनिधि। हस्तकरघा रेशम एवं हस्तशिल्प झारखंड रांची के निदेशक प्रीति रानी ने शनिवार को दुमका जिले अंतर्गत माटीकला बोर्ड से संबद्ध लख्खीकुण्ड के कलाकारों के कार्यस्थल, हस्तशिल्प संसाधन सह विकास केन्द्र दुमका, अग्र परियोजना केन्द्र तथा काठीजोरिया तथा बुनकर प्रशिक्षण सह उत्पादन केन्द्र सरैयाहाट का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान निदेशक ने माटीकला कलाकारों से संवाद कर उनकी समस्याओं एवं आवश्यकताओं की जानकारी प्राप्त की। कलाकारों द्वारा भट्टी, मिट्टी तैयार करने हेतु मशीन तथा पुल्लीयुक्त मोटराइज्ड चाक उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया। कलाकारों ने बताया कि प्लास्टिक एवं कागज उत्पादों की तुलना में मिट्टी निर्मित उत्पादों की बाजार मांग अपेक्षाकृत कम होने के कारण सरकारी संरक्षण एवं सहायता की आवश्यकता है। निदेशक द्वारा यथास...