बिहारशरीफ, मार्च 31 -- नालंदा की गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाएं छात्र : श्रवण कुमार ज्ञान के साथ नैतिकता और संवेदनशीलता जरूरी, देश-समाज के कल्याण में करें उपयोग राजगीर, निज संवाददाता। मंत्री श्रवण कुमार ने नालंदा विश्वविद्यालय के द्वितीय दीक्षांत समारोह में विश्वविद्यालय के ऐतिहासिक महत्व, वर्तमान उपलब्धियों और विद्यार्थियों की जिम्मेदारियों पर विस्तार से प्रकाश डाला। कहा कि नालंदा विश्वविद्यालय की स्थापना पांचवीं शताब्दी में गुप्त साम्राज्य के दौरान हुई थी और यह उस समय विश्व का प्रमुख शिक्षा केंद्र था, जहां दूर-दूर से छात्र अध्ययन के लिए आते थे। उन्होंने इतिहास का उल्लेख करते हुए कहा कि आक्रमणकारी बख्तियार खिलजी ने इस महान ज्ञान केंद्र को नष्ट कर दिया था, लेकिन आज इसका पुनरुत्थान देश के लिए गर्व की बात है। मंत्री ने नालंदा विश्वविद्यालय क...