मधेपुरा, मई 13 -- मधेपुरा निज संवाददाता। ठाकुर प्रसाद महाविद्यालय मधेपुरा के मनोविज्ञान विभाग में नशीली दवा के सेवन के कारण व्यक्तित्व पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव विषय पर सेमिनार का आयोजित हुआ। कार्यक्रम में प्रधानाचार्य डॉ. कैलाश प्रसाद यादव ने छात्र-छात्राओं को नशीली दवा के बारे में विस्तार से बताते हुए कहा की मद्य निषेध कानून के आने के बाद ज्यादातर लोग नशीली दवाओं का सेवन करने लगे हैं। ऐसे लोगों की पहचान करना आवश्यक है। उनके व्यक्तित्व से ही पहचान हो जाती है। उनका व्यक्तित्व इस प्रकार का हो जाता है कि घर और बाहर के वातावरण में अपने आप को अभियोजित नहीं कर पता है। मानसिक रूप से अपने लक्ष्य से भटक जाता है और शारीरिक रूप से बहुत कमजोर हो जाता है। अब ऐसी दवा आ गई है जिसका सेवन करने से लोग बेहोशी की हालत में रहता है। ऐसे लोगों के प्रति जागरूक ह...