सीतामढ़ी, जनवरी 22 -- शिवहर। जिला विधिक सेवा प्राधिकार के तत्वावधान में बुधवार को व्यवहार न्यायालय के कांफ्रेंस हॉल में आशा अवेयरनेस सपोर्ट हेल्प एंड एक्शन स्कीम के तहत 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान एवं नशा मुक्त भारत अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव सह न्यायाधीश ललन कुमार रजक ने बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बाल विवाह पर रोक के लिए हर स्तर पर लोगों को जागरुक किए जाने की जरूरत है। शादी के लिए लड़कियों की न्यूनतम उम्र 18 वर्ष एवं लड़कों का न्यूनतम उम्र 21 वर्ष निश्चित है। बाल विवाह समाज के लिए अभिशाप है। इस पर रोक के लिए सरकार द्वारा कानून बनाया गया है। उन्होंने कहा कि निर्धारित समय से पहले शादी कर...