शाहजहांपुर, अप्रैल 20 -- पिंगरा गांव के जंगल में गर्रा नदी किनारे मिले सोनपाल के शव के मामले में तीन महीने बाद भी पुलिस कोई ठोस नतीजे तक नहीं पहुंच सकी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैंगिंग से मौत की पुष्टि होने के बाद जांच और उलझ गई है। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही बना हुआ है कि यदि सोनपाल ने आत्महत्या की, तो उसका शव नदी किनारे कैसे पहुंचा। राईखेड़ा गांव निवासी सोनपाल का शव 11 जनवरी को नदी किनारे मिला था। मामले में पुत्र बलबीर ने तालबीपुर द्विवरिया गांव के रामचंद्र और उसके भाई सचिन पर फोन कर बुलाने तथा दामोदर, उसके पुत्र मनोज समेत एक अज्ञात पर हत्या का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने शुरुआती दौर में हत्या के एंगल पर कई बिंदुओं पर जांच की, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैंगिंग से मौत सामने आने के बाद दिशा बदल गई। घटनास्थल से न त...