फतेहपुर, मई 7 -- फतेहपुर। पड़ोसी जिला हमीरपुर में नाव हादसों में कई जिंदगियां नदी में समा गई। पूर्व में जनपद में भी नाव हादसों में लोगों की जानें जा चुकी हैं, बावजूद इसके जिम्मेदार यमुना घाटों पर नदियों की उफनाती धाराओं के बीच आम आदमी की जिंदगी भी हिचकोले खाते हुए चल रही नावों को लेकर बेखबर है। बांदा सहित जिले के लोगों का व्यापार के सिलसिले में इस पार से उस पार आवागमन होता रहता है। कई घाटों पर नाव के सहारे ही यमुना नदी को पार करने से गुरेज नहीं करते। चंद किमी बचाने के चलते दोनो जिले के लोग जान जोखिम में डालकर ओवरलोड नाव में संचालन करते हैं लेकिन इस पर वीराम नहीं लग पा रहा है। यह भी पढ़ें- दशकों से जान हथेली पर लेकर नदियों से आवाजाहीनाव संचालन की स्थिति जाफरगंज सैमसी-सबहदा घाट पर लंबे समय से नाव का संचालन बिना रोकटोक के किया जाता है। जिससे...
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