धनबाद, मई 6 -- धनबाद के धोखरा क्षेत्र के एक दर्जन से अधिक किसानों के लिए मल्चिंग विधि से प्याज की खेती लाभदायक साबित हो रही है। किसान अब पारंपरिक खेती को छोड़कर आधुनिक तकनीक अपनाते हुए कम लागत में अधिक उत्पादन हासिल कर रहे हैं। इस नई पद्धति से न केवल पैदावार बढ़ी है, बल्कि प्याज की गुणवत्ता में भी उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला है। मल्चिंग विधि में मिट्टी की सतह को जैविक पदार्थ जैसे पत्तियां, पुआल या अजैविक पदार्थ जैसे प्लास्टिक शीट से ढंक दिया जाता है। इससे मिट्टी में नमी लंबे समय तक बनी रहती है, जिसके कारण फसल को बार-बार सिंचाई की आवश्यकता नहीं पड़ती। यह भी पढ़ें- हरी खाद खेती के लिए वरदान किसानों के अनुसार इस तकनीक से 70-80 प्रतिशत तक पानी की बचत हो रही है।इस विधि से उगाई गई प्याज की गांठें बड़ी, मजबूत और अधिक वजनदार हो रही हैं, जिससे ब...