किशनगंज, अप्रैल 12 -- बहादुरगंज। निज संवाददाता क्षेत्र के किसानों के लिए धान की खेती मुख्य उत्पादक फसल के तौर पर शुमार है। धान की खेती के लिए मिट्टी और जलवायु पुरी तरह उपयुक्त होने के कारण ओपी भेराइटी से जुड़े क्वालिटी धान बीज की सरकारी स्तर से लेकर खुले बाजार में मांग बढ़ गई है आज क्षेत्र के किसान वैज्ञानिक तरीके से धान सहित अन्य फसलों की खेती को तवज्जो देते हैं ताकि फसल के लागत का डेढ़ गुणा से लेकर दो गुणा लाभ मिल सके। धान उत्पादक किसान सुत्र के अनुसार क्षेत्र की मिट्टी एसिडिक होने के कारण धान और मक्का फसल की खेती के लिए काफी उपयुक्त है साथ ही साथ नेपाल की तराई क्षेत्र से सटा बिहार के चेरापुंजी के तौर पर विख्यात किशनगंज जिला में सालाना दो हजार से लेकर बाईस सौ एम एल बारिश होना धान और अनन्नास की खेती के लिए उपयुक्त है। क्षेत्र में वर्षा आधार...